रायपुर, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने भारत के माननीय मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री सूर्यकांत के छत्तीसगढ़ आगमन पर उनका आत्मीय स्वागत और अभिनंदन किया। रायपुर पहुंचने पर मुख्यमंत्री ने पुष्प गुच्छ भेंट कर मुख्य न्यायाधीश का सम्मान किया और उन्हें प्रदेश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जुड़े विशेष उपहार प्रदान किए।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय ने न्यायमूर्ति सूर्यकांत को छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक परंपरा के प्रतीक स्वरूप राजकीय गमछा ओढ़ाकर सम्मानित किया। साथ ही विश्वविख्यात बस्तर दशहरा पर आधारित कॉफी टेबल बुक भेंट की, जो प्रदेश की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक पहचान को दर्शाती है। इसके अतिरिक्त बेल मेटल से निर्मित भगवान श्रीराम एवं माता शबरी की आकर्षक प्रतिकृति भी उन्हें स्मृति चिन्ह के रूप में प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर भारत के सर्वोच्च न्यायालय के माननीय न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री पी. नरसिम्हा और न्यायमूर्ति श्री प्रशांत कुमार मिश्रा का भी स्वागत किया। साथ ही छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के माननीय मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री रमेश सिन्हा का भी अभिनंदन किया गया।
उल्लेखनीय है कि भारत के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री सूर्यकांत हिदायतुल्ला राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (HNLU) के दीक्षांत समारोह में शामिल होने के लिए छत्तीसगढ़ प्रवास पर आए हैं। उनके आगमन को प्रदेश के लिए गौरव का विषय माना जा रहा है।
इस अवसर पर राज्य के वरिष्ठ अधिकारी और विश्वविद्यालय से जुड़े पदाधिकारी भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि न्यायपालिका देश के लोकतांत्रिक ढांचे की मजबूत आधारशिला है और माननीय मुख्य न्यायाधीश का छत्तीसगढ़ आगमन प्रदेश के लिए सम्मान की बात है।